तुम्हें कुछ दूर जाना है, मुझे कुछ पास आना है, मुझे इतना बताना है, मेरा रिश्ता पुराना है। मोहब्बत है मुझे ऐसी, हर एक शय में तुम्हें देखूँ, फ़लक का चाँद हो तुम तो, तुम्हें सबको मनाना है।। मुनासिब ये नहीं...